इंसाफ़ अधुरा आज भी है
शायद अधुरा ही रहेगा ……???
मेरे वतन में हालात ही कुछ ऐसे है……
यहां इंसाफ़ की नही पैसे की पुजा होती है्………॥
भगत सिंह बेनीवाल
शायद अधुरा ही रहेगा ……???
मेरे वतन में हालात ही कुछ ऐसे है……
यहां इंसाफ़ की नही पैसे की पुजा होती है्………॥
भगत सिंह बेनीवाल
No comments:
Post a Comment